पेशाब निकालने वाली नली की जरूरत क्यों है।
यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन
आज के समें में कई लोग यूटीआई की समस्या से लड़ रहे हैं, अगर इसका इलाज सही सयम पर नहीं किया जाता है तो ये और भी ज्यादा घातक हो सकती है। अगर बात करें तो यूटीआई के ज्यादातर मामलों में एंटीबायोटिक की मदद लेकर इंफेक्शन को अच्छे तरीके से खत्म कर दिया जाता है। असल में यूटीआई का मतलब होता है, की मूत्रमार्ग में इन्फेक्शन का होना। अगर इसका इलाज नहीं किया गया तो ये इंफेक्शन शरीर के और भागों में भी फैल सकती है। इस तरह की कंडीशन में बैक्टीरिया मूत्रमार्ग से गुजरते हुए हमारे ब्लैडर तक पहुंच जाता है, और ध्यान रहे ये की यह इंफेक्शन किडनी तक भी अपनी पहुंच कर सकता है। इस समस्या में जब यह इंफेक्शन काफी ज्यादा फैल जाता है, तो मरीज को पेशाब करते वक्त काफ़ी कठिनाइयां आती हैं। इस तरह की कंडीशन में पेशाब निकालने वाली नली की आवश्यकता पड़ती है।मूत्राशय में कमजोरी
मूत्राशय की नर्व को नुकसान होना, सर्जरी और पेशाब करने में मुश्किल होना आदि यह मूत्राशय में कमजोरी के कारण हो सकते है और इस तरीके की कंडीशन में ही मरीज को पेशाब निकालने वाली नली को लगया जाता है। इसके लगाने के साथ साथ ही मरीज का इलाज़ किया जाता है, इसके बाद जैसे ही मरीज को आराम और रिकवरी होने लगती है तो पेशाब की नली को हटाने की सम्भावना भी बढ़ जाती है। इसको निकालना कब है इसका फैसला डॉक्टर ही करते हैं।